“मुश्किल सीजन में टीम को एकजुट रहकर आगे बढ़ने का रास्ता ढूंढना होता है”: विल जैक्स
मुंबई इंडियंस अब पहाड़ों की वादियों की ओर बढ़ चुकी है, जहां 14 मई 2026 को धर्मशाला में उसका सामना पंजाब किंग्स से होने वाला है। फ्लडलाइट्स के नीचे होने वाले इस हाई-वोल्टेज मुकाबले के लिए मंच पूरी तरह तैयार है और ब्लू एंड गोल्ड एक बार फिर अपना सर्वश्रेष्ठ देने के इरादे से मैदान में उतरने वाली है। 💙🏏
मैच से पहले विल जैक्स ने एमआई चर्चा में हिस्सा लिया और अपने अंदाज में दिलचस्प बातचीत से माहौल को और भी शानदार बना दिया।
अपनी आक्रामक बल्लेबाजी और टी20 क्रिकेट में तेज फैसले लेने की कला पर बात करते हुए विल जैक्स ने कहा कि उन्हें इस टीम का हिस्सा बनना बेहद पसंद है। उन्होंने कहा, “इस टीम का माहौल शानदार है। पिछले साल की कई अच्छी यादें हैं और इस बार नए खिलाड़ियों से मिलना भी अच्छा लग रहा है।
आज के टी20 क्रिकेट में बल्लेबाजी ने खेल को काफी सरल बना दिया है, क्योंकि आईपीएल जिस दिशा में जा रहा है वहां बल्लेबाजों को आक्रामक रहना ही पड़ता है। आपको बस मैच के फ्लो के साथ चलना होता है।”
विल जैक्स ने अलग-अलग बल्लेबाजी क्रम में खेलने के अनुभव पर भी खुलकर बात की। ओपनिंग से लेकर नंबर तीन और अब नंबर छह पर बल्लेबाजी करने के साथ-साथ स्पिन गेंदबाज की भूमिका निभाने को लेकर उन्होंने कहा कि इससे उन्हें खेल को अलग नजरिए से समझने में मदद मिली है।
उन्होंने आगे कहा, “अब मैं खेल को ज्यादा सकारात्मक तरीके से देखता हूं। कभी-कभी बीच के ओवरों में खेली गई एक प्रभावशाली पारी मैच जिता सकती है। मैं सिर्फ स्कोरबोर्ड पर ध्यान देता हूं और यही चीज मुझे हर परिस्थिति में खुद को ढालने में मदद करती है।”
अपनी बल्लेबाजी में इरादे और स्पष्टता को लेकर बात करते हुए विल जैक्स ने बताया कि पिछले 12 महीनों में उनके खेल और सोच में काफी तेजी से बदलाव आया है। उन्होंने कहा, “यह बदलाव बहुत जल्दी आया है।
मैदान के बीचों-बीच मुझे तेजी से सीखना पड़ा कि किसी खास परिस्थिति में टीम को वास्तव में क्या चाहिए और मैच का माहौल क्या मांग रहा है। यही चीज मुझे एक बेहतर क्रिकेटर बनने में मदद कर रही है।”
उन्होंने आगे कहा, “इस साल यह थोड़ा मुश्किल रहा क्योंकि स्कोर लगातार बहुत बड़े बन रहे हैं। अगर गेंदबाज अच्छी गेंदबाजी कर रहे हैं तो उसका सम्मान करना भी जरूरी है। आईपीएल में सही बैलेंस ढूंढना बेहद अहम होता है। यह पूरी तरह रणनीति का खेल है। कोई भी दो मैच एक जैसे नहीं होते। टीम आपसे जो मांग करती है, आपको वही करना पड़ता है। परिस्थितियों को समझकर खुद को ढालना ही सबसे जरूरी चीज है।”
उन्होंने आगे कहा, “वर्ल्ड कप जैसे टूर्नामेंट में हर मैच पर बहुत कुछ दांव पर लगा होता है और खिलाड़ी अलग तरीके से खेलते हैं। पहले जहां 160-180 का स्कोर अच्छा माना जाता था, वहीं अब 220-230 नया सामान्य बन चुका है।”
उन्होंने आगे कहा कि लगातार जर्नी और अलग-अलग मैदानों की परिस्थितियां खिलाड़ियों के लिए नई चुनौतियां लेकर आती हैं। “हर मैदान की अपनी अलग खासियत होती है। ऐसे में स्थानीय खिलाड़ियों से बातचीत और उनकी जानकारी काफी मदद करती है।
हर वेन्यू की अपनी बारीकियां होती हैं और वही आपको जल्दी तैयार होने में मदद करती हैं। आज के क्रिकेट में बहुत कुछ आपकी इंस्टिंक्ट और मैच रीडिंग पर निर्भर करता है।”
आखिर में विल जैक्स ने आईपीएल के दौरान मुंबई इंडियंस के माहौल और उससे मिली सीख के बारे में खुलकर बात की। उन्होंने कहा कि मुंबई इंडियंस का ड्रेसिंग रूम अनुभव और बड़े खिलाड़ियों से भरा हुआ है, जो हर खिलाड़ी को बेहतर बनने में मदद करता है।
विल जैक्स ने कहा, “MI कैंप में काफी अनुभव मौजूद है। यहां अंतरराष्ट्रीय कप्तान हैं, वर्ल्ड कप जीत चुके खिलाड़ी हैं, चाहे भारत से हों या विदेश से। दुनिया भर में अलग-अलग परिस्थितियों में क्रिकेट खेलने का अनुभव काफी काम आता है।
कभी-कभी जब टीम का सीजन मुश्किल दौर से गुजर रहा होता है, तब सबसे जरूरी चीज साथ बने रहना और आगे बढ़ने का रास्ता ढूंढना होता है।”
उन्होंने टीम के भीतर के सकारात्मक माहौल की भी जमकर तारीफ की। जैक्स ने कहा, “जिन खिलाड़ियों से मैं पिछले साल नहीं मिला था, वे भी खुलकर बातचीत करने और अपने विचार साझा करने के लिए हमेशा तैयार रहते हैं। ड्रेसिंग रूम का माहौल खुश और रिलैक्स्ड है, जो खिलाड़ियों को खुलकर खेलने का आत्मविश्वास देता है।”
उन्होंने आगे कहा, “मुंबई इंडियंस के इतिहास और इस फ्रेंचाइजी की सफलता को देखते हुए खिलाड़ी कई बार पुराने मानकों पर खरा उतरने की कोशिश करते हैं।
जरूरी यह है कि आप उस शानदार इतिहास पर गर्व करें और उसी परंपरा को आगे बढ़ाएं। लेकिन हर नया सीजन एक नई शुरुआत की तरह होता है और आपको आगे बढ़ते रहना पड़ता है।” 💙