नेट साइवर-ब्रंट ने की वर्ल्ड कप 2026 में एमआई गर्ल्स के शानदार प्रदर्शन की अगुवाई

नेट साइवर-ब्रंट ने की वर्ल्ड कप 2026 में एमआई गर्ल्स के शानदार प्रदर्शन की अगुवाई

By Mumbai Indians

आईसीसी वूमेंस T20 वर्ल्ड कप 2026 में हमारी मुंबई इंडियंस की छह स्टार खिलाड़ियों ने अपने-अपने देशों का प्रतिनिधित्व किया। इसमें चौके और छक्कों की बरसात, अर्धशतक, धमाकेदार गेंदबाजी, अहम विकेट, शानदार कैच और बड़े मुकाबलों में बेहतरीन प्रदर्शन  देखने को मिला। भले ही ड्रेसिंग रूम अलग-अलग थे, लेकिन चैंपियन वाली सोच एक जैसी थी। हर खिलाड़ी ने इस बड़े मंच पर अपनी शानदार प्रतिभा की अलग चमक बिखेरी।

इस बार, MI का जोश पूरे इंग्लैंड में छाया रहा, जहां हमारी कुछ खिलाड़ियों ने कप्तानी संभाली तो वहीं बाकी खिलाड़ियों ने अपने जबरदस्त अंदाज से टीम में योगदान दिया। पलटन ब्लू एंड गोल्ड से लेकर राष्ट्रीय रंगों तक, हमारी क्लास हमेशा बरकरार रही।

नेट साइवर-ब्रंट (इंग्लैंड)

जब भी इंग्लैंड को जरूरत पड़ी, तो उनकी सबसे अच्छी खिलाड़ी ने शानदार खेल दिखाया। हमारी नेट ने हमेशा टीम की उम्मीदों को पूरा किया। कप्तान के तौर पर उन्होंने टीम का नेतृत्व किया और आगे बढ़ाया। इंग्लैंड को फाइनल तक पहुंचाने में मदद की और साबित किया कि वह महिला क्रिकेट की दुनिया की बेहतरीन ऑलराउंडरों में से एक क्यों हैं। उन्होंने टूर्नामेंट की शुरुआत श्रीलंका के खिलाफ 22 गेंदों में नाबाद 46 रन (छह चौके और एक छक्के) बनाकर की और फिर आयरलैंड के खिलाफ 37 गेंदों में 48 रनों की सधी हुई पारी खेली।

चोट की वजह से वह स्कॉटलैंड, वेस्टइंडीज और न्यूजीलैंड के खिलाफ अगले तीन मैच नहीं खेल पाईं, लेकिन सेमीफाइनल में उन्होंने दमदार वापसी की। इस मैच में मेजबान टीम का सामना दक्षिण अफ्रीका से हुआ। उन्होंने 47 गेंदों पर 75 रन (जिसमें 11 चौके और एक छक्का) की उनकी शानदार पारी खेली। इस बेहतरीन पारी ने उनकी टीम को 40 रनों से जीत दिलाने में मदद की और उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच का अवॉर्ड मिला।

लॉर्ड्स में हुए बड़े फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलते हुए नेट ने एक बार फिर अर्धशतक (58*) जड़ा। यह वूमेंस T20 वर्ल्ड कप फाइनल में किसी इंग्लैंड बल्लेबाज का पहला 50 से अधिक का स्कोर था। साथ ही वूमेंस T20 वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा बार 50 से अधिक रन बनाने (नौ बार) का रिकॉर्ड भी उनके नाम रहा।

हरमनप्रीत कौर (भारत)

भारत का T20 अभियान उम्मीद से पहले खत्म हो गया, लेकिन कप्तान हरमनप्रीत कौर ने एक ऐसा यादगार पल ज़रूर दिया। उन्होंने आखिरी लीग मैच में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ 27 गेंदों में 56 रनों की ज़बरदस्त पारी खेली, जिसमें छह चौके और तीन छक्के शामिल थे। यह इस बात की याद दिलाता है कि जब उनका दिन होता है, तो वह हमेशा मुश्किल मौकों पर अच्छा प्रदर्शन कर सकती हैं। पाकिस्तान के खिलाफ योगदान (36 रन) के साथ-साथ, हरमनप्रीत ने हमेशा यह सुनिश्चित किया कि भारतीय टीम उतार-चढ़ाव के दौरान एकजुट रहे।

शबनीम इस्माइल (साउथ अफ्रीका)

आक्रमक, निडर और पूरे आत्मविश्वास से भरी मुंबई इंडियंस की खिलाड़ी शबनीम इस्माइल ने साउथ अफ्रीका के लिए गेंदबाजी करते हुए कई शानदार प्रदर्शन किए। इस तेज गेंदबाज ने अपनी रफ्तार से लगातार बल्लेबाजों को परेशान किया और हर ग्रुप स्टेज मैच में विकेट लिए। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एक विकेट लिया, फिर पाकिस्तान के खिलाफ शानदार और किफायती स्पेल (1/15) डाला। इसके बाद भारत के खिलाफ चार ओवर में (2/28) विकेट लिए, बांग्लादेश के खिलाफ सिर्फ 3.8 की इकॉनमी के साथ (1/15) विकेट लिए और आखिर में इंग्लैंड के खिलाफ (2/31) विकेट लिए। सेमीफाइनल में भी उन्होंने ऑस्ट्रेलिया की एमी जोन्स और एलिस कैपसी के अहम विकेट लिए और अपने चार ओवर में (2/31) के आंकड़े के साथ मैच खत्म किया।

अमेलिया केर (न्यूजीलैंड)

कीवी कप्तान ने पूरे टूर्नामेंट में अपने खेल के हर पहलू का शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ नंबर तीन पर बल्लेबाजी करते हुए 45 रन बनाए और अपने चार ओवर के स्पेल में सिर्फ छह की इकॉनमी रेट से 24 रन दिए। इसके बाद उन्होंने आयरलैंड के खिलाफ बल्ले से शानदार 30 (24) रन बनाए और गेंदबाजी में 5.8 की इकॉनमी रेट से 2/23 के आंकड़े के साथ प्लेयर ऑफ द मैच का अवॉर्ड जीता। इसके बाद उन्होंने स्कॉटलैंड के खिलाफ 3/17 के शानदार आंकड़े के साथ बेहतरीन गेंदबाजी की। उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ एक और संघर्षपूर्ण पारी में 42 रन बनाकर ग्रुप स्टेज का समापन किया, जिससे उनकी ज़बरदस्त निरंतरता और ऑल-राउंड क्षमता का पता चला।

हेली मैथ्यूज (वेस्टइंडीज)

वेस्टइंडीज की कप्तान और ऑलराउंडर हेली ने जरूरत पड़ने पर हमेशा योगदान दिया और अपनी टीम को T20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ शानदार 48 रन बनाकर अपने अभियान की शुरुआत की और फिर श्रीलंका के खिलाफ गेंदबाजी में 3/15 विकेट लेने के साथ-साथ 17 रन भी बनाए। प्लेयर ऑफ द मैच की ट्रॉफी ने उनकी अहमियत को बखूबी साबित किया। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेमीफाइनल में मिली हार के बावजूद उन्होंने बल्ले और गेंद दोनों से योगदान दिया (30 रन और 1/23 विकेट) और अपनी बेहतरीन काबिलियत दिखाई।

निकोला कैरी (ऑस्ट्रेलिया)

निकोला को कम मौके मिले, लेकिन जब भी जरूरत पड़ी, उन्होंने हमेशा अपना योगदान दिया। दक्षिण अफ्रीका और पाकिस्तान के खिलाफ खेली गई उनकी उपयोगी नाबाद पारियों, जैसे 13 गेंदों पर 26 रन ने यह साबित किया कि कम गेंदों का सामना करते हुए भी वह मैच पर दबाव डालने की काबिलियत रखती हैं। आखिरकार क्रिकेट की दुनिया की सबसे मजबूत टीमों में से एक,ऑस्ट्रेलिया ने 5 जुलाई 2026 को लॉर्ड्स में अपना सातवां महिला T20 वर्ल्ड कप खिताब जीता।

वर्ल्ड कप स्किल, संयम और चरित्र की परीक्षा लेता है। मिसाल बनकर टीम की अगुवाई करने वाली कप्तानों से लेकर मैच का पासा पलटने वाले ऑलराउंडरों तक, हमारी MI गर्ल्स ने एक बार फिर साबित कर दिया कि हमारी विरासत WPL से कहीं आगे तक जाती है। अलग-अलग झंडे, अलग-अलग राष्ट्रगान, लेकिन अंत में... #OneFamily!