सकारात्मक सोच और सही रवैया: इस सीजन से रोहित एंड कंपनी ने क्या सीखा

सकारात्मक सोच और सही रवैया: इस सीजन से रोहित एंड कंपनी ने क्या सीखा

By Mumbai Indians

साल 2022 का टाटा आईपीएल सीजन हमारे लिए बेहद कठिन रहा। इस सीजन से हमने बहुत कुछ सीखा जो आने वाले वर्षों तक हमें एक सबक की तरह याद रहेगा।

कप्तान रोहित शर्मा से लेकर हमारे कई खिलाड़ियों ने इस बारे में अपने विचार साझा किए हैं कि इस सीजन से उन्होंने क्या सीखा और कौन सी चीज उनके लिए भविष्य में उपयोगी साबित होगी।

कभी हार नहीं माननी चाहिए

सीजन के दौरान कप्तान रोहित की एक बात सबसे अलग थी, वह चाहते थे कि टीम हमेशा एक साथ रहे और टीम अपना श्रेष्ठ प्रदर्शन करती रहे, भले शुरुआती परिणाम हमारे पक्ष में न रहे हों।

रोहित ने कहा, "टीम में एकता एक अच्छा संकेत है। मैंने उनमें से किसी को हारते नहीं देखा। हम एक परिवार के रूप में साथ रहे। वे ट्रेनिंग में अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश कर रहे थे और मुझे इस पर गर्व है। टीम का माहौल शानदार रहा है। हमारा एक लक्ष्य था और हर कोई उस पर काम कर रहा था।”

डायरेक्टर ऑफ क्रिकेट ऑपरेशंस, जहीर खान ने भी इसी तरह की भावना व्यक्त की।

जहीर ने महसूस किया, "यह सीजन हमारे पक्ष में नहीं था लेकिन हम सीखने और सकारात्मकता पर फोकस करना चाहते हैं। यह देखना बहुत अच्छा था कि कैसे टीम एक साथ रहती है और एक-दूसरे का समर्थन करती है। अब यह इस बारे में है कि हम अगले सीजन को कैसे देखते हैं और हम कैसे तैयारी करते हैं। हम सीजन को अच्छे नोट्स पर समाप्त करने में कामयाब रहे और यह हमारे लिए महत्वपूर्ण था। हम और मजबूती से वापसी करेंगे।"

अलग-अलग चुनौतियों के हिसाब से खुद को ढाला

स्पीडस्टर रिले मेरेडिथ के लिए भारतीय परिस्थितियों के अनुकूल होना एक चुनौती थी, क्योंकि यहां गर्मी बहुत ज्यादा होती है। साथ ही ऑस्ट्रेलिया के लिहाज से यहां के विकेट पर उछाल भी कम मिलता है। हालांकि उन्होंने इस प्रक्रिया का आनंद लिया।

रिले ने अपने विचार साझा करते हुए कहा, “यह ऑस्ट्रेलिया से अलग है, आपको विभिन्न एरिया में गेंदबाजी करनी होगी और विविधतापूर्ण गेंद डालनी होगी। मैं सिर्फ निरंतरता के साथ टीम की मदद करना चाहता हूं। लड़ते रहने का प्रयास एक ऐसी चीज है जो सबसे अलग है, यह कुछ ऐसा है जिसे पूरी टीम ने करना सीखा है। यहां हर कोई वास्तव में फ्रेंडली है।”

बिग हिटर टिम डेविड कुछ मैचों में प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं बना पाए थे और उन्होंने इसे कठिन समय बताया। उन्होंने टीम को सर्वश्रेष्ठ समर्थन देने पर काम किया और इससे उन्हें एक खिलाड़ी के रूप में विकसित होने में मदद मिली।

डेविड ने खुलासा किया, "यह सीजन मेरे लिए किसी रिवार्ड की तरह था, क्योंकि टीम चुनौतियों से झूझ रही थी। जैसे-जैसे सीजन आगे बढ़ा, यह और अधिक आरामदायक होता गया। मुझे ईशान, तिलक और रमनदीप के साथ बात करने में मजा आया। बाहर बैठना मुश्किल था लेकिन आपको इसे स्वीकार करना होगा और जितना हो सके अपने साथियों का समर्थन करना होगा। मैंने अपनी बल्लेबाजी और जिम पर वास्तव में कड़ी मेहनत की, मैं मजबूत हुआ इसलिए बाद में अच्छा प्रदर्शन करने में कामयाब रहा।”

ऑलराउंडर डेनियल सैम्स ने सीजन के शुरुआती मैचों के बाद शानदार वापसी की। उनके अनुभव के लिए ये बेहतर था।

सैम्स ने कहा, “यह हमारे लिए बेहतर क्रिकेटर और बेहतर इंसान बनने के लिए अहम सीजन था। इसने मुझे मानसिक रूप से ताकतवर बनाया। मुझे चुनौतियों से पार पाना है, जिस तरह से मैंने वापसी की उस पर मुझे गर्व है। मैंने मिचेल जॉनसन से बात की और उनसे संघर्ष से पार पाने का तरीका पूछा। यह कमाल है।”

सीनियर के साथ बात-चीत

इस सीजन में हमारे युवाओं ने असाधारण प्रदर्शन किया, यही नहीं उन्हें रोहित शर्मा, सचिन तेंदुलकर और महेला जयवर्धने जैसे वरिष्ठ खिलाड़ियों से बात-चीत करने का मौका मिला, जो उनके लिए यादगार अनुभव था।

तिलक वर्मा ने कहा, “सचिन, रोहित और महेला से बात करने से मुझे आत्मविश्वास हासिल करने और अधिक परिपक्व बनने में मदद मिली। मैंने अलग परिस्थितियों में अलग-अलग तरह की पारियां खेली हैं, इसलिए मैंने काफी बारीकियां सीखीं। मैंने हर मैच के बाद रोहित से बात की और उन्होंने मुझे अपने खेल का लुत्फ उठाने और वर्तमान पर ध्यान देने को कहा। मेरा लक्ष्य था कि हर गेम जीतना है इसलिए मैं अपना 100 प्रतिशत देना चाहता हूं।”

तिलक के साथी डेवाल्ड ब्रेविस के लिए सबसे बड़ी सीख इस सीजन में मैच के प्रति जागरुकता रही।

ब्रेविस ने याद करते हुए बताया, “जब मेरा मौका आया तो मैं बस तैयार रहना चाहता था। यहां सभी दिग्गजों ने मुझे अपने खेल का आनंद लेने के लिए सरल सलाह दी। बस अपने आपको बैक करो और अपने खेल पर भरोसा करो। यहां हर कोई खास है और आप हर पल का लुत्फ उठाते हैं। मुझे अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के खिलाफ खेलना पसंद था, मैंने सीखा कि कैसे पलों में यहां पहचान बनती है। इसके अलावा मैंने ये भी सीखा कि कब अटैक करना है और कब अपना समय लेना है।”

ऋतिक शौकीन के लिए नेट्स पर मैच की स्थितियों को समझना बहुत अच्छा होता है और इससे उन्हें वास्तविकता में अच्छा प्रदर्शन करने में मदद मिली।

ऋतिक ने कहा,“कप्तान और कोच ने मुझे अपने खेल और क्षमता पर भरोसा रखने के लिए कहा था। उन्होंने मुझे नेट्स में मैच के हिसाब से अभ्यास करने के बारे में बताया था। हमने अगले सीजन के लिए बहुत कुछ सीखा है।”

ऑलराउंडर रमनदीप सिंह ने एक बहुत महत्वपूर्ण बात नोट की कि उन्हें अगले लेवल पर जानें में क्या करना होगा।

रमनदीप ने कहा, “मैंने सीखा है कि आत्मविश्वास आपको अगले स्तर तक ले जाने की कुंजी है और आप इसे अपने प्रदर्शन और कड़ी मेहनत से विकसित करते हैं। मैंने शुरुआत में रोहित से बात की थी और जब उनके जैसा लेजेंड आपका साथ दे रहा होता है तो आपको लगता है कि आपके पास करने को बहुत कुछ है। मैं उन प्रक्रियाओं का पालन कर रहा था जो उन्होंने मेरे लिए निर्धारित की थीं। यहां हर कोई परिवार है।”

कैप्टन रोहित भी युवाओं की मानसिकता को देखकर प्रभावित हुए और उन्होंने ये भी कहा कि ऐसी सकारात्मकता को सामने लाने में सहयोगी स्टाफ ने बड़ी भूमिका निभाई है।

रोहित ने कहा, “इनमें से कुछ भविष्य में गन प्लेयर बनने जा रहे हैं। उन्होंने अपना हाथ ऊपर किया और अपना सर्वश्रेष्ठ दिया जो इस सीजन का सबसे सुखद हिस्सा था। वे मानसिक रूप से मजबूत हैं और उनमें अच्छा करने की भूख है। उनमें से बहुत से लोग पहली बार खेल रहे थे इसलिए उन्हें सहज महसूस कराना हमारा काम था। यहां टीम प्रबंधन से समर्थन महत्वपूर्ण है और मुझे यह जानकर खुशी हुई कि हमें ऐसा सहयोग मिला है। उन्होंने हमें स्वतंत्रता और समर्थन दिया और मैं टीम के लिए एक उज्ज्वल भविष्य देख सकता हूं।”

टीम के सामूहिक प्रयास ने सीजन का सुखद अंत किया। दूसरे हाफ के दौरान टीम की कड़ी मेहनत और सीखने की ललक को आकार लेते हुए हमने देखा।

यह सीजन टीम में सभी के लिए एक बड़ी सीख रहा है और हम अगले साल धमाकेदार वापसी करेंगे।!